बैतूल/सारनी
शासकीय महाविद्यालय बगडोना में मनाया गया विश्व शिक्षक दिवस
अंतर्राष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन ने शिक्षकों के योगदान को किया नमन
शिक्षकों के सम्मान एवं मानवाधिकार मूल्यों को बढ़ावा देने का लिया संकल्प
बगडोना। विश्व शिक्षक दिवस के अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन द्वारा सरदार विष्णु सिंह उइके शासकीय महाविद्यालय, बगडोना में श्रद्धापूर्वक कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शिक्षकों के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उनके शिक्षा, संस्कार और समाज निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान को याद किया गया।
कार्यक्रम संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष उमेश यादव एवं मध्य प्रदेश प्रभारी सतीश बौरासी के नेतृत्व तथा युवा जिला अध्यक्ष अनुज राठौर की अध्यक्षता में आयोजित किया गया।
इस अवसर पर उपस्थित संगठन के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने महाविद्यालय के प्राध्यापकगण एवं समस्त शिक्षकों का सम्मान करते हुए कहा कि शिक्षक केवल विद्यार्थियों को शिक्षा प्रदान करने का कार्य नहीं करते, बल्कि वे उनके व्यक्तित्व, चरित्र एवं भविष्य के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। शिक्षक समाज को ज्ञान, संस्कार, अनुशासन और सही दिशा प्रदान करने वाले मार्गदर्शक होते हैं।
मध्य प्रदेश प्रभारी सतीश बौरासी ने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण की मजबूत नींव होते हैं। एक शिक्षक अपने ज्ञान और संस्कारों के माध्यम से विद्यार्थियों को जिम्मेदार नागरिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि मान अधिकार, सामाजिक न्याय, समानता, शांति और सद्भाव जैसे मूल्यों को समाज तक पहुंचाने में शिक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि विश्व शिक्षक दिवस हमें अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर देता है। हमें शिक्षकों द्वारा बताए गए ज्ञान, अनुशासन, ईमानदारी और मानवता के मार्ग पर चलकर समाज के विकास में अपना योगदान देना चाहिए।
ये पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता रहे उपस्थित
कार्यक्रम में.सतीश बौरासी– प्रदेश प्रभारी,अनुज राठौर- युवा जिला अध्यक्ष,मिथलेश चंदेलकर — जिला मिडिया प्रभारी , श्री पत माथनकर — जिला वरिष्ठ प्रभारी , राकेश डहेरिया — तहसील महामंत्री, सुखबीर सिंग — तहसील प्रभारी, शैलेश पंड्या — तहसील मंत्री एवं हर्ष आर्य, प्रिंस साहू,सत्यम विश्वकर्मा सहित संगठन के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
इसके अलावा महाविद्यालय के प्राचार्य प्रदीप पंन्द्राम, निकिता सोनी, कविता धोटे, लक्ष्मी नागले, अनुज कुमार हलदार, अनिल कुमार तुमडाम, सहदेव सुरवंशी, बीरेंद्र चौरे, उत्तम साहू, दिनकर लिखितकर — हरीश लोखंडे सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों ने शिक्षकों के सम्मान, मानव अधिकारों की रक्षा, सामाजिक न्याय, समानता, शांति एवं सद्भाव के मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करने तथा समाज में जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया।