खेड़ापति मंदिर में चल रही सप्त दिवसीय संगीतमय भागवत कथा समापन पर ग्रामीणों के सहयोग से हुआ भंडारा

प्रमोद सूर्यवंशी

 

बैतूल ब्लॉक , जोगली ग्राम के खेड़ापति मंदिर में चल रही सप्तदिवसीय संगीतमय भागवत कथा का शुभारंभ दिनांक 2/8/2023 से हुआ! जिसका समापन मंगलवार दिनांक 8/8/2023 को हवन पूजन और प्रसादी के साथ हुआ । ग्राम वासियों द्वारा बताया गया कि सुप्रसिद्ध भगवताचर्य पंडित श्री प्रमोद कपले जी बैतूल के ग्राम कल्याणपुर , के सहयोगी। जिसमे प्रतीक कपले ( आचार्य ), विलास गावंडे ( गायक ) , राजा मालवीया ( कि बोर्ड ) , संदीप छेरकी ( ढोलक ), राज

राने ( पेड ), प्रदुम सोनी ( साउंड ) के द्वारा संगीत में चार चांद लगाए और स्रोताओं का मन प्रफुलित किया। ग्राम वासियों ने बताया कि जोगली ग्राम में सर्व समाज के सहयोग से खेड़ापति मंदिर पर सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया गया। कथा के समापन पर ग्रामीणों की सहयोग से विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। भागवत कथा वाचक आचार्य श्री प्रमोद कपले जी( कल्याणपुर) वाले ने कथा वाचन किया गया।

कथा के समापन पर कथावाचक आचार्य श्री प्रमोद कपले ने समुद्र मंथन और भगवान कृष्ण के जन्म की कथा बताई । व भगवान श्री कृष्ण तथा सुदामा के जीवन का वर्णन किया उन्होंने कहा कि तीनों लोकों में कृष्ण और सुदामा जैसी निस्वार्थ कोई नहीं कर सकता निस्वार्थ भाव से जो भी काम करते हैं ऐसे व्यक्ति को भगवान अपनी शरण में ले लेते हैं जो दुख संकट में काम आता है वही सच्चा मित्र होता है सुदामा के दुख संकट में मित्र भगवान श्री कृष्ण ने सुदामा के सभी संकट हर लिए। भगवान श्री कृष्ण ने कहा जो सच्चे मन से निस्वार्थ भावना से किसी की भी सेवा करता है उसे भगवान की प्राप्ति होती है।

*इस मौके पर उन्होंने कहा कि कथा के समापन पर विशाल भंडारे का आयोजन सभी ग्रामीण वासियों के सहयोग से कराया गया*
जिसमें हजारों की संख्या में लोगों ने पंगत पर बैठकर प्रसादी पाई इस मौके पर भारी संख्या में सर्व समाज के लोग मौजूद रहे वहीं ग्रामीणों ने कथावाचक का स्वागत सम्मान किया।