आरोपी पिता-पुत्रो को न्यायालय ने सुनाई आजीवन-आजीवन कारावास

खेत में बने टप्पर में सो रहे पति पत्नी पर हमला कर पति की हत्या करने और पत्नी की हत्या का प्रयास करने वाले आरोपी पिता-पुत्रो को न्यायालय ने सुनाई आजीवन-आजीवन कारावास और 6000-6000 रुपये के अर्थदंड की सजा

माननीय अपर सत्र न्यायालय, भैंसदेही, जिला-बैतूल ने खेत में बने टप्पर में सो रहे पति पत्नी पर हमला कर पति बुद्ध आठोले की हत्या करने और पत्नी रुपीबाई की हत्या का प्रयास करने वाले आरोपी विश्राम पिता छोटेलाल आठोले, उम्र 63 वर्ष, कमलेश पिता विश्राम आठोले, उम्र 35 वर्ष एवं रामदास पिता विश्राम आठोले, उम्र 30 वर्ष सभी निवासी ग्राम धारागोहान, थाना-मोहदा, जिला बैतूल को धारा 302,34 भा.द.वि. में दोषी पाते हुए आजीवन आजीवन कारावास एवं 5000-5000 रुपये के अर्थदंड से एवं धारा 307,34 भा.द.वि. में दोषी पाते हुए 5-5 वर्ष के कठोर कारावास एवं 1000-1000 रुपये के अर्थदंड से दण्डित किया है। इस प्रकरण में म.प्र. राज्य की ओर से

अभियोजन का संचालन सहायक जिला अभियोजन अधिकारी, भैंसदेही, जिला-बैतूल श्री मनवीर सिंह ठेनुआ द्वारा किया गया है।

अभियोजन का मामला

अभियोजन का मामला संक्षेप में इस प्रकार है कि थाना मोहदा में मृतक बुद्ध आठोले की बहु कविता ने इस आशय की रिपोर्ट लेख कराई कि वह ग्राम धारागोहान में रहती है। उसके ससुर बुद्ध आठोले एवं सास रुपीबाई दोनों रोड किनारे खेत पर टप्पर बनाकर रहते है। उसके पति दिनांक 20/04/2020 कि शाम करीब 8:30 बजे उसके सास-ससुर के पास से खाना खाकर घर पर आये थे | उसके सास-ससुर दोनों खेत पर सो रहे थे। जब वह 21/04/2020 को सुबह 7 बजे खेत पर आई तो देखा कि उसकी सास रुपीबाई टप्पर के पास खाट के नीचे पड़ी थी और उसके

सिर एवं कपड़ो में खून लगा था। उसके ससुर बुद्ध आठोले खाट पर लेटे थे, उनके सिर में पीछे की तरफ एवं सीने में घाव लगे हुए थे और वे मर चुके थे। उसने अपनी सास रुपीबाई से बात करने का प्रयास किया तो उसने कोई जबाब नहीं दिया। वह होश में नहीं थी। इसके बाद उसने अपने पति, परिवार के लोगो एवं पुलिस को घटना कि सुचना दी। 100 नंबर गाड़ी से उसकी सास को अस्पताल ले कर गये थे दिनांक 20/04/2020 की रात्रि में किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसकी सास रूपीबाई और ससुर बुद्ध

आठोले को जान से मारने की नियत से धारदार हतियार से मारा है । उसकी सास को गले व कंधे में एवं ससुर को सिर में पीछे कि तरफ एवं सीने पर चोट लगी है । चोट से उसके ससुर कि मौत हो गयी है तथा सास घायल होकर बेहोश है ।

 

फरियादी कविता कि सुचना के आधार पर थाना मोहदा में मर्ग इंटीमेशन लेख मर्ग जाँच की गयी और अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध अपराध पंजीवद्ध कर मामले की विवेचना की गयी ।

आहत रुपीबाई ने होश में आने के बाद विवेचना के दौरान पूछताछ करने पर पुलिस को बताया कि अभियुक्त विश्राम, कमलेश और रामदास द्वारा घटना कारित कर उसके पति की हत्या और उसकी हत्या का प्रयास किया गया है। पुलिस ने अभियुक्त विश्राम, कमलेश और रामदास से पूछताछ की तो उन्होंने अपराध करना स्वीकार किया । पुलिस द्वारा अभियुक्त विश्राम एवं रामदास से उनके मेमोरेंडम के आधार पर घटना में

प्रयुक्त कुल्हाड़ी एवं चाकू जब्त किये गए । पुलिस ने घटना स्थल से जब्त कथड़ी, खून आलूदा मिट्टी, सादी मिट्टी, खून लगा गमछा, मृतक की खून आलूदा शर्ट, कुल्हाड़ी तथा चाकू की एफ एस.एल जाँच कराया | प्रकरण की अन्य आवश्यक विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया ।

प्रकरण का विचारण माननीय अपर सत्र न्यायालय, भैंसदेही, जिला-बैतूल द्वारा किया गया और प्रकरण में म.प्र.राज्य की ओर से अभियोजन का संचालन करते हुए सहायक जिला अभियोजन अधिकारी, भैंसदेही, जिला बैतूल श्री मनवीर सिंह ठेनुआ ने माननीय न्यायालय के समक्ष अभियोजन मामले को संदेह से परे प्रमाणित किया और अपने तर्क प्रस्तुत किये गए । अभियोजन के तर्कों से सहमत होते हुए माननीय न्यायालय ने अभियोजन

मामले को संदेह से परे प्रमाणित मानकर आरोपी विश्राम पिता छोटेलाल आठोले, उम्र 63 वर्ष, कमलेश पिता विश्राम आठोले, उम्र 35 वर्ष एवं रामदास पिता विश्राम आठोले, उम 30 वर्ष सभी निवासी ग्राम धारागोहान थाना मोहदा जिला बैतूल को धारा 302,34 भा. द. वि. में दोषी पाते हुए आजीवन आजीवन कारावास एवं 5000-5000 रुपये के अर्थदंड से एवं धारा 307,34 भा.द.वि. में दोषी पाते हुए 5-5 वर्ष के कठोर कारावास एवं 1000-1000 रुपये के अर्थदंड से दण्डित किया है ।