घोड़ाडोंगरी नगर के सराफा चौक से मंगलवार रात 12:40 बजे कानहावादी रोड निवासी दीपक बामने का एक काली कार में बैठे लोगों द्वारा अपहरण करने का मामला सीसीटीवी फुटेज में सामने आया था।
इस घटना में पुलिस की जांच में घटनास्थल पर दीपक की स्मार्ट वॉच टूटी हुई पड़ी मिली थी। जिससे यह पुष्टि हुई थी कि घोड़ाडोंगरी निवासी दीपक बामने का अपहरण किया गया।
पुलिस ने जब जांच की तो पूरा मामला संपत्ति विवाद का सामने आया। जिसमें दीपक की हत्या उसके पिता सौतेली बहन और प्रेमी द्वारा मिलकर की गई थी। घोड़ाडोंगरी से दीपक का अपहरण कर उसके दोनों हाथों को बांध दिया गया था और उसके मुंह को भी कपड़े से बांध दिया गया था।घोड़ाडोंगरी से लगभग 90 किमी दूर उसके गले में चाकू मारकर नर्मदा नदी में फेंक दिया गया था।
दीपक का कल शनिवार को घोड़ाडोंगरी में अंतिम संस्कार किया गया । जिसमें बड़ी संख्या में नगरवासी शामिल हुए। मिली जानकारी के मुताबिक दीपक की सौतेली बहन आरती ने श्रुति मेहरा के नाम से फर्जी फेसबुक आईडी बनाकर दीपक से मेलजोल बढ़ाया और मंगलवार की रात को 12:30 बजे उसे मिलने के लिए घोड़ाडोंगरी रेलवे स्टेशन पर बुलाया था।
दीपक ने अपनी दादी से कहा कि वह कुछ ही देर में आ रहा है । ऐसा कहकर घर से निकला था और रास्ते में सराफा चौक में दीपक को डंडे से मारकर अपहरण कर वारदात को अंजाम दिया गया । दीपक के चिल्लाने की आवाज सुनकर मोहल्ले के लोग जब बाहर आए तो आरोपी दीपक का अपहरण कर फरार हो चुके थे । दीपक के चिल्लाने की आवाज सुनकर जब मोहल्ले के सीसीटीवी फुटेज देखे गये तो काली कार में सवार लोगों द्वारा अपहरण करने का मामला सामने आया। बुधवार दोपहर 3 बजे बाद दीपक की दादी द्वारा गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने पर यह स्पष्ट हुआ कि घोड़ाडोंगरी निवासी दीपक का ही अपहरण हुआ है। अब जबकि लगभग पूरा मामला उजागर हो चुका है पुलिस सरगर्मी से दीपक की सौतेली बहन आरती बामने निवासी पाथाखेड़ा और उसके प्रेमी नवनीत सराठे की तलाश में जुटी हुई है।







