बहनों तक घर – घर पहुंच रहा मुख्यमंत्री का संदेश, भावविभोर हो रही महिलाएं

शिवराज सिंह ने जोड़ा महिलाओं से दिल का रिश्ता, मध्यप्रदेश में महिलाओं को मिला सम्मान

प्रवीण अग्रवाल 9425657855

प्रिय बहन,

रक्षाबन्धन के पावन पर्व पर तुम्हारे भाई की ओर से स्नेह एवं शुभकामनाएँ। प्यारी बहन तुम्हारे • आशीर्वाद से ही आज तुम्हारा भाई सबकी सेवा और विकास का काम कर रहा है। तुम सभी जानती ही हो कि अपनी बहनों को लेकर मेरे हृदय में अगाध प्रेम व स्नेह है। मेरी बहनें एवं बेटियां समाज में अपना हक पायें और बराबरी से खड़ी हो सकें, यही मेरा सपना रहा है। इसीलिए मैंने लाड़ली लक्ष्मी एवं लाड़ली बहना जैसी योजनाएं शुरू की। फिर सरकारी नौकरियों जैसे पुलिस, शिक्षक, पटवारी से लेकर डिप्टी कलेक्टर तक हर जगह बहनों को आरक्षण दिया। ग्राम पंचायतों, नगर पालिकाओं एवं नगर निगमों में बहनें बैठकर अपने फैसले ले सकें, इसलिए मैंने पचास प्रतिशत आरक्षण दिया।

तब भी मन में एक कसक थी कि हर महीने मेरी बहन के हाथ में इतने रुपये हों कि वे अपनी इच्छा से खर्च कर सके। बच्चों की फीस, दूध जैसी रोजमर्रा की जरुरतों के लिए, सास, माँ, ननद, भौजाई एवं बहन को कुछ देने के लिए, मेरी बहन को किसी पर निर्भर न रहना पड़े और फिर मैंने दिल से निर्णय लिया कि प्रतिमाह की दस तारीख को 1000/- रुपये मेरी बहन के खाते में डाले जायें। मेरी बहन, मध्यप्रदेश में तुम्हारी जैसी सवा करोड़ से भी ज्यादा बहने हैं, जिनके खातों में हर माह 1000-1000 रुपये मतलब लगभग एक हजार दो सौ पचास करोड़ रुपये प्रति माह से भी ज्यादा राशि पहुँच रही है। तुम्हारा भाई इस 1000/- रुपये माह को धीरे-धीरे बढ़ाकर 3000/- रुपये प्रतिमाह तक ले जायेगा।

मेरी बहन इस बार का रक्षाबंधन मेरे लिए बहुत विशेष है क्योंकि मैं हृदय से प्रसन्न हूँ कि मेरी बहनें अब अपने आत्म-सम्मान को महसूस कर सकती हैं। मैंने तुम्हारे हृदय के भाव से अपनी कलाई पर तुम्हारी राखी को आत्मा से महसूस किया है। तुम्हारी राखी की रक्षा और सम्मान का मेरा वचन है। मेरी बहन, तुम्हारी खुशी और स्वाभिमान के लिए मैं कोई कसर नहीं छोडूंगा।

मेरी बहना में बसते मेरे प्राण हैं, मेरी खुशी तुम्हारा सुख और आत्मसम्मान है।

तुम्हारा भाई

शिवराज सिंह चौहान