बाजार ढाना के लोगों ने लिया निर्णय रानीपुर चौराहे पर करेंगे स्वर्गीय भोन्देसिंह की प्रतिमा स्थापित, पुण्य तिथि कल

घोड़ाडोंगरी। क्षेत्र के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय भोन्देसिंह कवडे जी की पुण्यतिथि कल 26 जुलाई को है ।

श्री भोन्देसिंह कवडे की 15वीं पुण्यतिथि के 1 दिन पहले यहां के बाजार ढाना में ग्रामीणों द्वारा बैठक का आयोजन किया गया।

जिसमें ग्रामीणों ने निर्णय लिया कि यहां के रानीपुर चौराहे पर स्वर्गीय भोन्देसिंह कवडे जी की प्रतिमा की स्थापना की जाएगी।

इस अवसर पर ग्रामीण स्वर्गीय भोन्देसिंह कवडे जी की समाधि पर भी पहुंचे और वहां जाकर संकल्प लिया कि जल्द ही यहां के रानीपुर चौराहे पर प्रतिमा स्थापित करेंगे।

उसके बाद रानीपुर चौराहे पर भी पहुंच कर प्रतिमा स्थापित करने को लेकर संकल्प दोहराया गया।

कौन है भोन्देसिंह कवडे

स्वतंत्रता संग्राम सेनानी रहे भोन्देसिंह कवडे जी का नाम घोड़ाडोंगरी क्षेत्र में बड़े ही आदर और सम्मान के साथ लिया जाता है।

भोन्देसिंह कवडे ने आजादी के आंदोलन में भाग लिया था ।

उनके पोते योगेंद्र कवड़े ने बताया कि स्वतंत्र संग्राम आंदोलन में घोड़ाडोंगरी का बास का डिपो जलाने, रेल की पटरियां उखाड़ने, रानीपुर थाने पर हमला करने जैसे आंदोलन में श्री भोन्देसिंह कवडे शामिल रहे। आजादी के आंदोलन में उनकी भूमिका के कारण उन्हें 5 वर्ष तक कारावास में भी रहना पड़ा।

गांधी जी की सभा से आकर गांव वालों को गांधीजी के बारे में और देश को आजाद कराने के आंदोलन के बारे में जानकारी देते थे ।

20 वर्षों तक रहे सरपंच

स्वर्गीय भोन्देसिंह कवडे आजादी के बाद घोड़ाडोंगरी ग्राम पंचायत के 20 वर्षों तक सरपंच भी रहे है ।

ताम्रपत्र देकर किया सम्मान

स्वतंत्रता संग्राम में आजादी के आंदोलन में भोन्देसिंह कवडे जी की भूमिका को लेकर भारत सरकार द्वारा 15 अगस्त 1972 ताम्र पत्र देकर सम्मानित किया गया था।

गांव के विकास में थी अहम भूमिका

स्वर्गीय भोन्देसिंह कवडे जी सरपंच के दौरान गांव विकास में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। बाजारढाना के बुजुर्ग शंकर भूमका बताते हैं कि उस समय लोगों के बीच होने वाले विवादों में कोई कोर्ट कचहरी नहीं जाता था। भोन्देसिंह कवडे जी दोनों ही पक्षों को समझाकर मामला शांत करा देते थे । गांव में होने वाले विकास कार्यों के कारण आज भी उनके कारण बाजारढाना सरपंच मोहल्ले के नाम से जाना जाता है।

नगर परिषद में हुआ नामकरण

श्री भोन्देसिंह कवडे जी के योगदान के कारण पहली बार गठित हुई नगर परिषद में उनके निवास के वार्ड क्रमांक 11 का नाम स्वर्गीय भोन्देसिंह कवडे वार्ड रखा गया है ।

कौन थे बैठक में उपस्थित

बाजारढाना में आयोजित बैठक में श्री शंकर वरकडे भूमका, मुन्नीलाल आहाके भगत, भगवानदास वरकडे, शिवराम भगत ,सुनील वरकड़े, मनोहरी धुर्वे ,सूरज वरकडे ,गजराज सिंह उइके, ओझा सिंह तुमराम, कैलाश तुमराम, विनोद वरकडे, राजेश तुमराम ,प्रताप तुमराम, नितेश इवने,मुन्ना उइके, शशिकांत तुमराम ,सम्मू उइके, मालन तुमराम ,राहुल कवड़े, सहित अन्य लोग उपस्थित थे। जिन्होंने बैठक के बाद समाधि स्थल और रानीपुर चौराहे पर जाकर अपने संकल्प को दोहराया।